PWD विभाग में AC रिपेयरिंग घोटाला, सदन में कांग्रेस विधायक के सवालों से घिरे अरुण साव,40 हजार रुपए के एसी की मरम्‍मत के लिए खर्च कर दिए 2.66 लाख

हाइलाइट्स

  • पीडब्‍ल्‍यूडी विभाग में एसी रिपेयरिंंग खर्च में गड़बड़ी
  • विद्युत यांत्रिकी विभाग में 100 करोड़ की गड़बडी
  • कार्य के भुगतान में अनियमितता पर भी बहस

रायपुर।छत्‍तीसगढ़ में लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों पर एसी रिपेयरिंग के नाम पर करोड़ों रुपए की गड़बड़ी का आरोप लगा है। विधायक राघवेंद्र सिंह ने विधानसभा में पीडब्ल्यूडी मंत्री और डिप्टी सीएम अरुण साव से सवाल पूछकर इस मामले को उजागर किया। उन्होंने पूछा कि 1 अक्टूबर 2019 से 31 दिसंबर 2024 तक विभाग ने कितने स्थानों पर मरम्मत और विद्युतीकरण कार्य कराए और इनके लिए कितनी राशि खर्च की गई।कांग्रेस विधायक राघवेंद्र सिंह ने बताया कि पीडब्ल्यूडी अधिकारियों ने एसी रिपेयरिंग के नाम पर 2.66 लाख रुपए खर्च किए हैं। उन्होंने मंत्री से पूछा कि 40 हजार रुपए की एसी को इतनी बड़ी राशि में कैसे ठीक किया गया। इसके अलावा, उन्होंने यह भी पूछा कि क्या शासकीय भवनों के बिना ही भुगतान किया गया है और अगर हां, तो कितनी राशि का भुगतान किया गया।

100 करोड़ रुपए की गड़बड़ी का आरोप

विधायक राघवेंद्र कुमार सिंह ने एक और गंभीर मुद्दा उठाते हुए कहा कि विद्युत यांत्रिकी विभाग में 100 करोड़ रुपए की गड़बड़ी का मामला है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग के अधिकारियों ने न तो आरटीआई के जरिए पूछे गए सवालों का जवाब दिया है और न ही विधानसभा में इसकी जानकारी दी है। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा कि यह आश्चर्यजनक है कि 100 करोड़ रुपए कहां और कैसे खर्च किए गए, इसकी जानकारी छिपाई जा रही है।

बिना काम किए ही कर दिया भुगतान: चरणदास महंत

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने भी इस मामले को आगे बढ़ाते हुए मंत्री से पूछा कि क्या बिना स्थान और कार्य के भुगतान करना अनियमितता की श्रेणी में नहीं आता है। उन्होंने यह भी पूछा कि अगर गाइडलाइन जारी करने की जरूरत पड़ी है, तो इसका मतलब है कि विभाग में गड़बड़ी हो रही है।

सरकारी धन का दुरुपयोग पर रोकने पर निर्देश

मंत्री अरुण साव ने कहा कि शासकीय धन के दुरुपयोग को रोकने के लिए समय-समय पर दिशा-निर्देश जारी किए जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भवन का उल्लेख माप पुस्तिका में होना चाहिए। हालांकि, विधायक राघवेंद्र सिंह ने जवाब में कहा कि उन्हें शिकायतों के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई है। विधायक राघवेंद्र सिंह ने मांग की है कि इस पूरे मामले की गहन जांच की जाए और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि शासकीय धन का दुरुपयोग रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!